सिरसा, 23 जून।
राजस्व सेवाओं को और अधिक पारदर्शी व सरल बनाने की दिशा में मंगलवार को ऑटो म्यूटेशन प्रणाली तथा पेपरलेस रजिस्ट्रेशन 2.0 को प्रदेश में लागू कर दिया गया है। मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने चंडीगढ में राजस्व विभाग की इन सेवाओं का शुभारंभ किया। कार्यक्रम का सिरसा लघु सचिवालय के वीडियो कॉफ्रेंसिंग कक्ष में लाइव प्रसारण दिखाया गया। इस अवसर पर उपायुक्त शांतनु शर्मा, जिला राजस्व अधिकारी संजय कुमार व अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के उपरांत उपायुक्त शांतनु शर्मा ने बताया कि नई व्यवस्था के तहत रजिस्ट्री होते ही स्वत: इंतकाल दर्ज हो जाएगा तथा रजिस्ट्री के समय ही इंतकाल नंबर उपलब्ध हो जाएगा। जिन मामलों में खेवट विभाजन की आवश्यकता नहीं होगी, उनमें 24 घंटे के भीतर इंतकाल स्वीकृत हो जाएगा, जबकि खेवट विभाजन वाले मामलों का निपटान अधिकतम 10 दिनों में किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग द्वारा विशेष अभियान चलाकर सभी लंबित इंतकालों का निपटान किया जाएगा तथा आगामी 15 दिनों के भीतर शेष लंबित मामलों के समाधान का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
उन्होंने बताया कि ऑटो म्यूटेशन प्रणाली के बाद अब अलग से इंतकाल के लिए आवेदन करने की आवश्यकता नहीं होगी। रजिस्ट्री और इंतकाल की प्रक्रिया आपस में जुड़ी हुई है। नागरिक अपने इंतकाल की स्थिति ऑनलाइन देख सकेंगे तथा उसकी प्रति डाउनलोड और प्रिंट भी कर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि नई प्रणाली में आवेदन फॉर्म को सरल बनाया गया है। डीड को नागरिक स्वयं, डीड राइटर, अधिवक्ता अथवा हेल्पडेस्क के माध्यम से भर सकेंगे। इसके अलावा पूर्ण डिजिटल हस्ताक्षर एवं बायोमेट्रिक प्रक्रिया, अतिरिक्त दस्तावेज अपलोड करने की सुविधा, क्यूआर कोड आधारित सत्यापन तथा अपॉइंटमेंट को तत्काल श्रेणी में परिवर्तित करने जैसी सुविधाएं भी जोड़ी गई हैं।









