हिसार, 11 जून।
हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन और भारतीय मानक ब्यूरो के संयुक्त तत्वावधान में स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को गुणवत्ता एवं मानकों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से शाइन (स्टैंडर्ड हेल्प इंफॉर्म एंड नर्चर एम्पावर्ड वूमेन) कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
यह जानकारी देते हुए जिला कार्यक्रम प्रबंधक वीरेंद्र श्योराण ने बताया कि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य स्वयं सहायता समूहों की महिला सदस्यों को भारतीय मानकों एवं गुणवत्तापूर्ण उत्पादों के प्रति जागरूक करना है। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं को बीआईएस प्रमाणन प्रक्रिया, उसके महत्व तथा आईएसआई मार्क एवं अन्य मानक चिह्नों वाले उत्पादों की पहचान के बारे में जानकारी प्रदान की गई। इसके साथ ही उपभोक्ता अधिकारों के प्रति भी उन्हें जागरूक किया गया।
भारतीय मानक ब्यूरो द्वारा वर्ष 2026-27 के लिए शाइन कार्यक्रम का विस्तृत कैलेंडर जारी किया जा चुका है। यह कार्यक्रम चयनित जिलों में क्लस्टर लेवल फेडरेशन स्तर पर आयोजित किया जा रहा है। अभियान के तहत विशेष रूप से उन स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को प्राथमिकता दी जा रही है, जो गैर-कृषि उत्पादों के निर्माण से जुड़ी हुई हैं। कार्यक्रम के माध्यम से उनके उत्पादों की गुणवत्ता में सुधार लाने तथा उन्हें बेहतर बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किए जाएंगे।
स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए शाइन कार्यक्रम









