झज्जर, 3 मई। डीसी स्वप्निल रविन्द्र पाटिल के मार्गदर्शन में जिला में नशा मुक्त भारत अभियान को प्रभावी बनाने के लिए निरतंर जागरूकता गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा हैं।
जिला खेल अधिकारी सतेंद्र सिंह ने बताया कि जिले में नशा मुक्ति को लेकर निरंतर व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। नशा व्यक्ति के शारीरिक, मानसिक और सामाजिक जीवन को बुरी तरह प्रभावित करता है। विशेष रूप से खिलाडय़िों के लिए नशा उनके करियर के लिए घातक साबित हो सकता है।
जिला खेल अधिकारी ने बताया कि महर्षि दयानंद सरस्वती स्टेडियम झज्जर, डॉ. भीमराव अंबेडकर स्टेडियम बहादुरगढ़ तथा खेल स्टेडियम बामनोली में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे खिलाडय़िों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई गई। इस अवसर पर खिलाडय़िों को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करते हुए उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और खेलों के प्रति समर्पित रहने का संदेश दिया गया।
उन्होंने खिलाडय़िों से आह्वान किया कि वे न केवल स्वयं नशे से दूर रहें, बल्कि अपने साथियों और समाज के अन्य युवाओं को भी इसके प्रति जागरूक करें।उन्होंने कहा कि खिलाड़ी समाज के प्रेरणास्रोत होते हैं और उनका अनुशासित व नशामुक्त जीवन अन्य युवाओं के लिए उदाहरण प्रस्तुत करता है।
उन्होंने आगे बताया कि खेल विभाग का प्रयास है कि अधिक से अधिक युवाओं को खेलों से जोड़ा जाए, जिससे उनकी ऊर्जा का सकारात्मक दिशा में उपयोग हो सके और वे नशे जैसी बुराइयों से दूर रह सकें। खेल परिसरों में खिलाडय़िों ने नशा न करने तथा दूसरों को भी इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया।









