भिवानी 7 जून। वैश्विक स्तर पर गहराते पर्यावरण संकट और ग्लोबल वार्मिंग की चुनौतियों के बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ईंधन बचाने और प्रकृति संरक्षण के आह्वान को गुजरात के राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने अपने आचरण में ढालकर एक नई मिसाल पेश की है।
आज कुरुक्षेत्र पहुंचने पर राज्यपाल ने न केवल हवाई यात्राओं का त्याग कर आम नागरिक की तरह ट्रेन से सफर किया, बल्कि रेलवे स्टेशन से गुरुकुल तक की यात्रा भी ई-रिक्शा के जरिए पूरी कर देश को ऊर्जा संरक्षण का एक बड़ा संदेश दिया। कुरुक्षेत्र पहुंचने पर त्रि पहिया, रेहड़ी यूनियन व फुटपाथ यूनियन के प्रधान रामनिवास शर्मा की अगुवाई में एक ज्ञापन राज्यपाल आचार्य देवव्रत को सौंपा गया।
रामनिवास शर्मा ने कहा कि प्रदेश में डेढ़ लाख के करीब ई रिक्शा है जो की प्रदूषण मुक्त सफर करवाती है। उन्होंने कहा की उनकी मांगे है की प्रदेश में ई रिक्शा का अब तक का टैक्स माफ किया जाए, वन टाइम टैक्स ही वसूला जाए साथ ही लर्निंग लाइसेंस के लिए कंप्यूटर बेस टेस्ट को खत्म किया जाए।
इन्ही मांगो को लेकर उन्होंने राज्यपाल आचार्य देवव्रत को ज्ञापन सौपा। राज्यपाल ने उन्हें आश्वासन दिया है की वे आज ही मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बात करेंगे। उनके इस आश्वासन के बाद ई रिक्शा चालकों में काफी ख़ुशी का माहौल है। उन्होंने कहा की उनकी माँग पूरी होती है तो ई रिक्शा हरियाणा में प्रदूषण मुक्त सेवा दे पाएगी।
राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने कहा की इस संकट से धरती को बचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देशवासियों से ईंधन बचाने और पर्यावरण हितैषी जीवनशैली अपनाने का आह्वान किया है।
प्रधानमंत्री के इसी विजन का पालन करते हुए उन्होंने हेलीकॉप्टर और हवाई जहाज से यात्रा करना पूरी तरह बंद कर दिया है। सुरक्षा काफिला भी अब बेहद सीमित है। मैं स्वयं अब लंबी दूरियों के लिए सामान्य बस और ट्रेन का उपयोग कर रहा है।
उन्होंने वहां अधिकारियों से अपील की है की वे तेल की खपत कम करें, पब्लिक ट्रांसपोर्ट अपनाएं। राज्यपाल ने पर्यावरण को बचाने के लिए सामूहिक प्रयासों पर जोर देते हुए सभी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों और प्रशासनिक विभाग के उच्च अधिकारियों से विशेष आग्रह किया है।
उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी अपने दैनिक जीवन और सरकारी कार्यों में कम से कम तेल का उपयोग करें और जितना संभव हो, पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल कर देश के ईंधन को बचाने में अपना योगदान दें। इसके साथ ही उन्होंने धरती की सेहत सुधारने के लिए रासायनिक खेती को छोडक़र प्राकृतिक खेती अपनाने की बात कही।
ई-रिक्शा यूनियन के प्रदेशाध्यक्ष रामनिवास ने राज्यपाल की सादगी की सराहना करते हुए कहा कि एक बड़े राज्य के संवैधानिक पद पर होने के बावजूद उनका यह व्यवहार सीधे जनता के दिलों को छूता है। यूनियन के कुरुक्षेत्र जिला जिलाध्यक्ष कुलदीप सहित सदस्य रवि कुमार, मनोज, महेश, आदित्य, ओमप्रकाश, जसबीर व अन्य साथियों ने संकल्प लिया कि ई-रिक्शा यूनियन का हर सदस्य प्रधानमंत्री के ईंधन बचाने के संदेश और राज्यपाल की पर्यावरण व स्वच्छता मुहिम को घर-घर तक पहुंचाने के लिए लोगों को जागरूक करेगा। इस दौरान उन्होंने अपनी मांगों का ज्ञापन भी सौपा।









